Gmail - [Sangvari] प्रशांत भूषण पर हमला निंदनीय है लेकिन ये कई सवालो... - achoubey242@gmail.com:
'via Blog this'प्रशांत भूषण की पिटाई ठीक हई हे, ये मामला बोलने की आजादी की पराकाष्ठा का हे , बोलने की आजादी देते वक्त संविधान के रचेताओं ने सपने में भी नहीं सोचा होगा की बोलने की आजादी का इस तरह का उपयोग होगा |संविधान में बोल ने की आजादी पर भी एक सक्त आचार सहिंता होना चाहिए देश में जो बोलू किसिम के तत्व पये जाते हें उनको इस आचार सहिंता का सक्ति से पालन करवाना होगा| देश के प्रमुख बोलू में> नेता, पत्रकार ,अभिनेता, सामाजिक कायकर्ता, बकील, धर्मगुरु, एयं जी ओ के आलावा जो तथाकथित बुद्धिजीवी भी हें जो टी वी चेनलों पर रंगरोगन पोत कर लाइव कार्य कर्मो
में अपने जीवन के अनुभवों के अधार पार जो मुह आया बक रहे हें कुछ तो आंख बंद कर के बोलते रहते हें >>प्रमुख हें लालू ,जी
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